By: इमामुद्दीन रामनगरी: मधुर सन्देश संगम
मुहम्मद (सल्ल0) के विचार में सदा ख़ुदा ही की कल्पना रहती थी और उनको निकलते हुए सूरज, बरसते हुए पानी और उगती हुर्इ हरयाली में खु़दा ही का हाथ दिखार्इ था और...
By: डॉ. सत्यपाल
‘‘जिस समय हज़रत मुहम्मद (सल्ल0) पैदा हुए, सारे अरब में.....
कुछ लोग, इस बात पर सवाल उठाते हैं कि इस्लाम, मर्द को तो कई पत्नियाँ रखने की छूट देता है जबकि, यह अधिकार औरतों को नहीं देता।
सबसे पहले.....